करंट का कहर: बेटा को बचाने दौड़ाई मां, दोनों की चली गई जान
महराजगंज टाइम्स ब्यूरो: सिसवा नगरपालिका में शुक्रवार को एक दिल दहला देने वाला हादसा सामने आया, जहां पानी के मोटर में उतरे करंट ने मां-बेटे की जान ले ली। बेटे पहले करंट की चपेट में आईं और उन्हें बचाने की कोशिश में बेटे ने भी अपनी जिंदगी गंवा दी। सिसवा नगरपालिका के चौधरी चरण सिंह वार्ड में शुक्रवार पूर्वाह्न एक दर्दनाक हादसा हो गया। पानी के मोटर में उतरे करंट की चपेट में आकर बेटे और मां की मौत हो गई। पहले बेटे की जान गई और उन्हें बचाने के प्रयास में मां ने भी दम तोड़ दिया। वार्ड निवासी रामदेव सिंह, जो पेशे से किसान हैं, शुक्रवार सुबह अपने खेत गए थे। बताया जा रहा है कि पूर्वाह्न करीब 11 बजे वे खेत से घर लौटे और पत्नी को पानी के लिए आवाज़ लगाई। उनकी आवाज़ सुनकर घर में पढ़ रहा उनका सबसे छोटा बेटा, 17 वर्षीय अखिलेश, मां को बुलाने किचन में गया। अखिलेश ने देखा कि उसकी मां, 45 वर्षीया रंभा देवी, पानी के मोटर के पास अचेत पड़ी थीं। उन्हें देखकर अखिलेश ने उठाने का प्रयास किया, तो वह भी बिजली के करंट की चपेट में आ गया। काफी देर तक घर से कोई आवाज़ न आने पर रामदेव अंदर गए, जहां उन्होंने मां-बेटे दोनों को अचेत पाया। परिजनों ने आनन-फानन में दोनों को सिसवा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) पहुंचाया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इसके बाद परिजन शवों को घर वापस ले आए। घटना की सूचना मिलने पर कोठीभार थाने के एसओ धर्मेंद्र सिंह मौके पर पहुंचे। उन्होंने शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजने की बात कही, लेकिन परिजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया। एसओ धर्मेंद्र सिंह ने बताया कि शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजने हेतु परिजनों से बातचीत जारी है। परिजनों की सहमति के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी
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