Maharajganj

अमृत सरोवर परियोजना में भ्रष्टाचार का आरोप, डीएम से उच्चस्तरीय जांच और एफआईआर की मांग

 

महराजगंज टाइम्स ब्यूरो:- नगर पालिका परिषद सिसवा के मीराबाई नगर, वार्ड संख्या-25 में लगभग चार करोड़ रुपये की लागत से निर्माणाधीन अमृत सरोवर परियोजना में कथित भ्रष्टाचार, घटिया निर्माण और वित्तीय अनियमितताओं का आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी को शिकायत पत्र सौंपा गया है। शिकायतकर्ता ने निर्माण कार्य तत्काल रोकने, उच्चस्तरीय जांच कराने और दोषियों के विरुद्ध एफआईआर दर्ज कर कठोर कार्रवाई की मांग की है। शिकायतकर्ता बृजेंद्र सिंह आशीष ने आरोप लगाया है कि केंद्र एवं प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी अमृत सरोवर योजना के तहत कराए जा रहे निर्माण में गुणवत्ता मानकों की अनदेखी की जा रही है। पत्र में कहा गया है कि निर्माण कार्य पूरा होने से पहले ही कई स्थानों पर दरारें दिखाई देने लगी हैं तथा बारिश के कारण संरचना क्षतिग्रस्त होने लगी है, जिससे घटिया निर्माण सामग्री के उपयोग और तकनीकी मानकों की अनदेखी की आशंका जताई गई है।शिकायत पत्र में परियोजना की स्वतंत्र तकनीकी एजेंसी अथवा आईआईटी जैसे संस्थान से गुणवत्ता जांच कराने, निर्माण सामग्री, माप पुस्तिका (एमबी), भुगतान, गुणवत्ता परीक्षण और अन्य अभिलेखों की विस्तृत जांच कराने की मांग की गई है। साथ ही जांच पूरी होने तक संबंधित ठेकेदार का भुगतान रोकने तथा उसे अन्य सरकारी कार्यों में भाग लेने से रोकने की भी मांग की गई है।शिकायतकर्ता ने कहा है कि यदि जांच में भ्रष्टाचार, घटिया निर्माण या वित्तीय अनियमितताओं की पुष्टि होती है तो संबंधित ठेकेदार, अभियंताओं और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर विभागीय एवं विधिक कार्रवाई की जाए। उन्होंने दोषपूर्ण निर्माण को ध्वस्त कर ठेकेदार के खर्च पर पुनर्निर्माण कराने की भी मांग उठाई है। शिकायत के साथ कथित निर्माण संबंधी तस्वीरें भी संलग्न की गई हैं।

यह भी पढ़ें : तीन माह में सभी पात्र वंचितों के बनेंगे राशन कार्ड, 12 अन्नपूर्णा भवनों का लोकार्पण